जनेऊ संस्कार आध्यात्मिक जीवन की शुरुआत का महत्वपूर्ण वैदिक संस्कार है। जनोई (जिसे जनेऊ, यज्ञोपवीत या उपनयन भी कहा जाता है) सनातन धर्म में एक बालक के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण और पवित्र पड़ाव माना जाता है। यह सूत का तीन धागों वाला पवित्र सूत्र महज़ एक धागा नहीं, बल्कि आध्यात्मिक जागृति, नैतिक जीवन और जीवन भर के अनुशासन का संकल्प है। उपनयन संस्कार का अर्थ है बालक का वैदिक शिक्षा और ज्ञान के संसार में औपचारिक प्रवेश। आइए इस सुंदर लेख में जनेऊ के प्रतीकवाद, इसके मुख्य चरणों, दैनिक